Vikramshila Setu पर सोमवार को बड़ा हादसा हो गया, जब पुल का एक हिस्सा अचानक क्षतिग्रस्त होकर नीचे गिर गया। हादसे के बाद प्रशासन ने तुरंत पुल पर यातायात रोक दिया और पूरे इलाके को सील कर दिया।
यह पुल Bhagalpur को उत्तर और दक्षिण बिहार से जोड़ने वाली सबसे महत्वपूर्ण लाइफलाइन माना जाता है। घटना के बाद हजारों यात्रियों और मालवाहक वाहनों की आवाजाही प्रभावित हो गई है। राहत की बात यह रही कि हादसे में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। (jagran.com)
कैसे हुआ हादसा?
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, पुल के पिलर संख्या 133 के पास स्लैब का हिस्सा अचानक टूटकर गिर गया। घटना के समय पुल पर सामान्य ट्रैफिक चल रहा था, लेकिन दरार और कंपन महसूस होने के बाद प्रशासन ने तुरंत आवागमन रोक दिया।
स्थानीय लोगों के मुताबिक, तेज आवाज के साथ पुल का हिस्सा नीचे गिरा, जिसके बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। (aajtak.in)
कोई जनहानि नहीं, लेकिन बड़ा खतरा टला
हादसे के समय पुल पर भारी ट्रैफिक मौजूद था, लेकिन समय रहते प्रशासन और स्थानीय लोगों की सतर्कता के कारण बड़ा हादसा टल गया।
अधिकारियों ने बताया कि पुल के प्रभावित हिस्से को पूरी तरह बंद कर दिया गया है और इंजीनियरों की टीम संरचना की जांच कर रही है। (bhaskar.com)
ट्रैफिक डायवर्ट, लोगों की बढ़ी परेशानी
Vikramshila Setu बंद होने के बाद प्रशासन ने वैकल्पिक मार्गों से ट्रैफिक डायवर्ट करना शुरू कर दिया है।
हालांकि इससे लंबी दूरी तय करनी पड़ रही है और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। खासकर ट्रक और मालवाहक वाहनों पर इसका बड़ा असर पड़ सकता है।
बिहार की अहम लाइफलाइन क्यों है यह पुल?
Vikramshila Setu गंगा नदी पर बना बिहार का महत्वपूर्ण पुल है, जो भागलपुर को कई जिलों और उत्तर बिहार से जोड़ता है।
यह पुल केवल आम यातायात ही नहीं, बल्कि व्यापार और माल परिवहन के लिए भी बेहद अहम माना जाता है। रोजाना हजारों वाहन इस मार्ग से गुजरते हैं।
पुल की स्थिति को लेकर पहले भी उठे थे सवाल
स्थानीय लोगों और विशेषज्ञों द्वारा पिछले कुछ वर्षों से पुल की खराब हालत को लेकर चिंता जताई जाती रही थी।
कई बार मरम्मत कार्य भी किए गए, लेकिन अब स्लैब गिरने की घटना ने पुल की संरचनात्मक सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
जांच के आदेश
घटना के बाद प्रशासन और तकनीकी टीमों ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है।
विशेषज्ञ यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि हादसा निर्माण संबंधी कमजोरी, रखरखाव की कमी या अत्यधिक भार के कारण हुआ।
राजनीतिक प्रतिक्रिया भी तेज
हादसे के बाद विपक्षी दलों ने राज्य सरकार पर सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं।
विपक्ष का आरोप है कि बिहार में कई पुराने पुल और सड़कें खराब हालत में हैं, लेकिन समय पर मरम्मत और निगरानी नहीं की जाती। वहीं सरकार ने कहा है कि घटना की पूरी जांच कराई जाएगी और जल्द मरम्मत कार्य शुरू होगा।
सोशल मीडिया पर वायरल तस्वीरें
घटना के बाद पुल की टूटी संरचना और बंद ट्रैफिक की तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने लगीं।
कई लोगों ने इसे बिहार के इंफ्रास्ट्रक्चर की बड़ी चेतावनी बताया, जबकि कुछ यूजर्स ने पुराने पुलों की सुरक्षा ऑडिट की मांग की।
निष्कर्ष
Vikramshila Setu पर हुआ यह हादसा केवल एक पुल क्षतिग्रस्त होने की घटना नहीं, बल्कि बुनियादी ढांचे की सुरक्षा को लेकर बड़ा सवाल बन गया है। फिलहाल प्रशासन स्थिति को नियंत्रित करने और ट्रैफिक बहाल करने की कोशिश में जुटा है, लेकिन इस घटना ने बिहार में पुराने पुलों की स्थिति पर नई बहस छेड़ दी है।