Google ने अपने हेल्थ और फिटनेस इकोसिस्टम में बड़ा बदलाव करते हुए Fitbit प्लेटफॉर्म को नए अंदाज में पेश करना शुरू कर दिया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक कंपनी अब Fitbit ऐप को धीरे-धीरे “Google Health” ब्रांडिंग के साथ आगे बढ़ा रही है और इसमें AI आधारित हेल्थ कोचिंग फीचर्स को प्रमुखता दी जा रही है।
इस कदम को Google की व्यापक AI रणनीति और डिजिटल हेल्थ सेक्टर में बढ़ती प्रतिस्पर्धा से जोड़कर देखा जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि कंपनी अब फिटनेस ट्रैकिंग से आगे बढ़कर एक अधिक व्यक्तिगत AI हेल्थ प्लेटफॉर्म बनाने की दिशा में काम कर रही है।
Fitbit से Google Health तक का सफर
Google ने कुछ साल पहले Fitbit का अधिग्रहण किया था। शुरुआत में कंपनी ने Fitbit ब्रांड को अलग पहचान के साथ जारी रखा, लेकिन अब संकेत मिल रहे हैं कि Google अपने हेल्थ प्रोडक्ट्स को एकीकृत पहचान देने की कोशिश कर रहा है।
रिपोर्ट्स के अनुसार ऐप इंटरफेस, सेवाओं और हेल्थ फीचर्स में “Google Health” नाम का इस्तेमाल बढ़ाया जा रहा है।
विशेषज्ञों का कहना है कि यह बदलाव केवल नाम बदलने तक सीमित नहीं बल्कि AI और डेटा आधारित स्वास्थ्य सेवाओं की दिशा में बड़ा कदम हो सकता है।
AI हेल्थ कोचिंग पर बड़ा दांव
नई रणनीति का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा AI आधारित हेल्थ कोचिंग माना जा रहा है। संभावना है कि भविष्य में यूजर्स को उनकी फिटनेस, नींद, हार्ट रेट, गतिविधि और लाइफस्टाइल डेटा के आधार पर व्यक्तिगत सुझाव दिए जाएंगे।
विशेषज्ञों के मुताबिक AI यूजर्स की आदतों का विश्लेषण कर उन्हें बेहतर नींद, एक्सरसाइज, तनाव प्रबंधन और स्वास्थ्य सुधार के लिए रियल-टाइम सुझाव दे सकता है।
यह फीचर डिजिटल हेल्थ सेक्टर में Google को Apple और Samsung जैसी कंपनियों से मुकाबले में मजबूत बना सकता है।
Fitbit Air क्या है?
रिपोर्ट्स और Google ब्लॉग पोस्ट्स में “Fitbit Air” का भी जिक्र सामने आया है। इसे कंपनी के नए हेल्थ और फिटनेस अनुभव का हिस्सा माना जा रहा है।
हालांकि अभी इसकी पूरी तकनीकी जानकारी सामने नहीं आई है, लेकिन संकेत हैं कि यह AI, वियरेबल डिवाइसेज और क्लाउड आधारित हेल्थ ट्रैकिंग को जोड़ने वाली नई पहल हो सकती है।
भारत में भी बढ़ेगा असर
भारत तेजी से बढ़ते डिजिटल हेल्थ और वियरेबल डिवाइस बाजारों में शामिल है। स्मार्टवॉच, फिटनेस बैंड और हेल्थ ट्रैकिंग ऐप्स की मांग लगातार बढ़ रही है।
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि Google AI आधारित हेल्थ सेवाओं को आक्रामक तरीके से भारत में लॉन्च करता है, तो इसका बड़ा असर देखने को मिल सकता है।
AI और हेल्थ डेटा को लेकर नई बहस
हालांकि AI हेल्थ कोचिंग को लेकर उत्साह है, लेकिन इसके साथ डेटा प्राइवेसी और स्वास्थ्य जानकारी की सुरक्षा को लेकर सवाल भी उठ रहे हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि हेल्थ डेटा बेहद संवेदनशील होता है और कंपनियों को पारदर्शिता तथा सुरक्षा पर विशेष ध्यान देना होगा।
Apple और Samsung से मुकाबला
डिजिटल हेल्थ सेक्टर में पहले से Apple और Samsung जैसी कंपनियां मजबूत स्थिति में हैं। Apple Watch और Samsung Galaxy Watch पहले से एडवांस हेल्थ फीचर्स उपलब्ध करा रहे हैं।
अब Google भी AI आधारित हेल्थ इकोसिस्टम के जरिए इस प्रतिस्पर्धा को और तेज करने की तैयारी में दिख रहा है।
भविष्य का हेल्थ प्लेटफॉर्म?
विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले वर्षों में हेल्थ ऐप्स केवल स्टेप काउंट और कैलोरी ट्रैकिंग तक सीमित नहीं रहेंगे।
AI आधारित सिस्टम उपयोगकर्ताओं के स्वास्थ्य पैटर्न को समझकर बीमारी के शुरुआती संकेत, तनाव स्तर और फिटनेस सुधार से जुड़े सुझाव देने में बड़ी भूमिका निभा सकते हैं।
Google का नया कदम इसी दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
निष्कर्ष
Google द्वारा Fitbit को “Google Health” पहचान के साथ आगे बढ़ाना डिजिटल हेल्थ इंडस्ट्री में बड़ा बदलाव माना जा रहा है। AI हेल्थ कोचिंग और स्मार्ट फिटनेस अनुभव के जरिए कंपनी भविष्य की हेल्थ टेक्नोलॉजी में अपनी मजबूत मौजूदगी बनाना चाहती है।
अब यह देखना दिलचस्प होगा कि Google आने वाले महीनों में इन AI हेल्थ फीचर्स को किस स्तर तक लेकर जाता है और यूजर्स इसे कितना अपनाते हैं।